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आतंकी के परिजनों से मिलीं महबूबा, कहा- कश्मीर को युद्ध क्षेत्र नहीं बनने दूंगी

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डिजिटल डेस्क, पुलवामा। जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती रविवार को पुलवामा में मारे गए आतंकियों के परिवारवालों से मिलने पहुंची। दरअसल पुलवामा के पतिपोरा में मारे गए आतंकियों के परिवारवालों को कथित तौर पर पुलिस द्वारा मारने पीटने की खबर आई थी, जिसके बाद मुफ्ती ने यह कदम उठाया। इस दौरान मुफ्ती ने पुलिस वालों को चेतावनी देते हुए कहा कि वह साउथ कश्मीर को बैटलग्राउंड नहीं बनने देंगी। यहां किसी प्रकार का खून-खराबा मंजूर नहीं है। 

महबूबा मुफ्ती ने कहा, 'यह एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना है। एक आतंकवादी की बहन को पुलिस द्वारा मारा पीटा गया है। अगर सरकार की लड़ाई आतंकवादियों से है, तो उनकी बहनों को क्यों शामिल किया जा रहा है? मैं सरकार और पुलिस को चेतावनी देती हूं कि अगर उन्होंने फिर से ऐसा किया, तो यह उनके लिए बुरा होगा।'

महबूबा मुफ्ती ने कहा, 'यह दिल दुखा देने वाली घटना है। यदि कोई आतंकवादी है, तो उसकी बहन का क्या कसूर है? रुबिना (जिसका भाई पुलिस के साथ मुठभेड़ में मारा गया) उसके पति और छोटे भाई को पुलिस द्वारा कस्टडी में लेकर बहुत मारा पीटा गया है। रुबिना के घाव काफी गंभीर हैं और उसका इलाज चल रहा है। उसके कपड़े उतारे गए और स्टेशन हाउस ऑफिसर SHO द्वारा मारपीट की गई। वह एक महिला को हाथ कैसे लगा सकता है। लड़की को छूने का अधिकार केवल एक महिला अफसर को है।' 

महबूबा ने कहा, 'मैं गवर्नर साहब से रिक्वेस्ट करती हूं कि इस मामले पर जल्द ही कोई एक्शन लें, ताकि भविष्य में इस तरह की कोई घटना न हो। यदि पुलिस का झगड़ा हमलावरों के साथ है, तो उनके रिश्तेदारों और उसकी बहन के साथ क्यों मारपीट कर रहे हैं। मेरे रहते ऐसा नहीं चलेगा। अगर आतंकियों के परिवारवालों को परेशान करना नहीं रोका गया, तो जल्द ही घाटी में अलगाव की भावना पैदा हो जाएगी।' 

ऐसा कहा जा रहा है कि महबूबा मुफ्ती ने यह दौरा जम्मू-कश्मीर राज्य में अपने बेस को मजबूत करने के लिए किया है। इससे पहले भी पूर्व सीएम मुफ्ती ने NIA द्वारा बरामद सामग्री के संदर्भ में एक टिप्पणी की थी और NIA का मजाक उड़ाया था। मुफ्ती ने कहा था, 'राष्ट्रीय सुरक्षा सर्वोच्च है, लेकिन सुतली बमों (पटाखों) के आधार पर संदिग्धों को आतंकवादी घोषित करना और उन्हें ISIS से जोड़ना ठीक नहीं है। यह पहले स्थानीय लोगों के जीवन और परिवारों को तबाह कर चुका है। NIA को पहले के एपिसोड से सीखना चाहिए, जिसमें आरोपी दशकों के बाद बरी हो गए।'

बता दें कि जम्मू कश्मीर के पुलवामा में सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने चार आतंकियों को मार गिराया था। इन आतंकियों के पास से भारी मात्रा में गोला-बारूद भी जब्त किया गया था। सुरक्षाबलों ने पुलवामा जिले के हाजिन राजपोरा इलाके में कुछ आतंकियों के छिपे होने की जानकारी मिलने के बाद सर्च ऑपरेशन शुरु किया था। वहीं शुक्रवार को भी सुबह पुलवामा में सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ में हुई थी। 

[1] User Comments

sanjay kumar rajbhar
December 31st, 2018 15:05 IST

dear mahbuba jab aam admi ka khun kharaba hota hai tab aap kaha rahte ho aur aatnkawad ko badava mat do kashmir ke bare me aap ko bolne ka koi hak nahi hai